सूचना का अधिकार (आरटीआई)
भारतीय फ़िल्म और टेलीविज़न संस्थान, पुणे की नियमावली
(आरटीआई अधिनियम 2005 के अध्याय - II, अनुच्छेद (4) (बी) के अनुसार)
1.0 अधिनियम के बारे में
सूचना अधिकार अधिनियम 2005 के विस्तृत विवरण के लिए, कृपया सूचना अधिकार अधिनियम देखें Hindi Marathi English
भारतीय फ़िल्म और टेलीविज़न संस्थान, पुणे
Objective of the Institute
भारतीय फ़िल्म और टेलीविज़न संस्थान का मुख्य उद्देश्य स्नातक और
स्नातकोत्तर दोनों स्तर पर फ़िल्म और टेलीविज़न की सभी शाखाओं में
शिक्षण के उपयुक्त पैटर्न विकसित करना है, जिससे भारत में फ़िल्म और
टेलीविज़न शिक्षा के उच्च मानकों को स्थापित किया जा सके।
अधिक जानकारी के लिए संगम ज्ञापन (संस्था के बहिर्नियम) देखें। Brief
history of the Institute
Memorandum Of Association
(ख) संस्थान का संक्षिप्त इतिहास
भारतीय फ़िल्म संस्थान की स्थापना सन् 1960 में भारत सरकार द्वारा सूचना एवं प्रसारण मंत्रालय के तहत की गई थी। सन् 1974 में टेलीविज़न विंग के जुड़ने से संस्थान का नामकरण भारतीय फ़िल्म और टेलीविज़न संस्थान के रूप में किया गया। संस्थान अक्टूबर 1974 में सोसाइटीज अधिनियम, 1860 के पंजीकरण के तहत सोसाइटी बन गया। इस सोसाइटी में फ़िल्म, टेलीविज़न, संचार, संस्कृति से जुड़ी जानी-मानी हस्तियां, संस्थान के पूर्व विद्यार्थीगण एवं पदेन सरकारी सदस्यगण शामिल हैं। संस्थान एक शासी परिषद द्वारा शासित है, जिसका नेतृत्व अध्यक्ष द्वारा किया जाता है, जो कि सिनेमा, टेलीविज़न एवं कला के क्षेत्र से प्रतिष्ठित व्यक्ति होते हैं। संस्थान की शैक्षिक नीतियों और योजनाओं को शैक्षिक परिषद द्वारा तैयार किया जाता है। वित्त से जुड़े मामलों को स्थायी वित्त समिति द्वारा नियंत्रित किया जाता है।
2.3 Organizational Structure
2.3 संगठनात्मक संरचना
भारत सरकार के सूचना एवं प्रसारण मंत्रालय (एमआईबी) द्वारा गठित
सोसाइटी एक शासी परिषद (गवर्निंग काउन्सिल - जीसी) के माध्यम से संगम
ज्ञापन के अनुसार संस्थान परिचालित करती है। एमआईबी द्वारा मनोनीत
सोसाइटी के अध्यक्ष शासी परिषद (जीसी) अध्यक्ष भी होते हैं। नियम और
विनियम शासी परिषद (जीसी) द्वारा भाफिटेसं, सेवा अधिनियम, वित्तीय
अधिनियम, सबैटिकल रूल्स आदि के के रूप में तैयार किए जाते हैं। शासी
परिषद (जीसी) विशिष्ट विषयों का समाधान करने के लिए स्थायी वित्त
समिति, शैक्षिक परिषद और अन्य समितियों का गठन करता है। निदेशक
संस्थान के नियमित परिचालन के लिए ज़िम्मेदार है और प्रशासनिक
कार्यकलापों के लिए वह संकायाध्यक्ष- शैक्षिक और कुल सचिव द्वारा
सहायता प्राप्त है।
संगठनात्मक चार्ट
2.4 Courses being run by the Institute
2.4 संस्थान द्वारा परिचालित पाठ्यक्रम
I. निम्नलिखित पांच विशेषज्ञताओं में तीन वर्षीय ‘पोस्ट ग्रेजुएट
पदविका इन फ़िल्म एंड टेलीविज़न’
- क) निर्देशन एंड पटकथा लेखन (निर्देशन एवं पटकथा लेखन)
- ख) चलचित्रांकन
- ग) संपादन (संपादन)
- घ) ध्वनि मुद्रण एवं ध्वनि डिजाइन
- ङ) कला निर्देशन एवं निर्माण संरचना (कला निर्देशन एवं निर्माण संरचना)
III. पटकथा लेखन में एक वर्षीय स्नातकोत्तर प्रमाणन पाठ्यक्रम
IV. निम्नलिखित चार विशेषज्ञता में एक वर्षीय ‘पोस्ट ग्रेजुएट सर्टिफिकेट कोर्स इन टेलिविजन’
- क) टीवी निर्देशन
- ख) इलेक्ट्रॉनिक चलचित्रांकन
- ग) वीडियो संपादन
- घ) ध्वनि मुद्रण तथा टीवी अभियांत्रिकी
भाफिटेसं के चालीस वर्षों से अधिक के समृद्ध इतिहास के साथ इसके
पूर्व छात्रों विशेष पहचान रखते हैं तथा देश और दुनिया में फ़िल्म और
मीडिया प्रोफेशनल से खास सम्मान प्राप्त हैं। पूर्व छात्रों की
फ़िल्मों को फीचर के साथ-साथ लघु फ़िल्म श्रेणी दोनों में प्रतिष्ठित
पुरस्कारों के लिए जाना जाता है। लगभग चार दशकों से भाफिटेसं के
पूर्व छात्रों द्वारा बनाई गई कई फ़िल्मों ने राष्ट्रीय और
अंतर्राष्ट्रीय फ़िल्म समारोहों में पुरस्कार जीता है।
भाफिटेसं से उत्तीर्ण हुए 1388 छात्र देश और दुनिया फैले फ़िल्म और
टेलीविज़न उद्योग में सुव्यवस्थित रूप से कार्यरत हैं। भाफिटेसं ने
कुछ अति प्रतिष्ठित फ़िल्म व्यक्तित्वों का सृजन किया है, जिन्होंने
देश के लिए महान सम्मान अर्जित किया है। भाफिटेसं, पुणे के ऐसे
प्रसिद्ध पूर्व छात्रों में श्रीमती शबाना आज़मी, श्रीमती जया बच्चन,
रेणु सालुजा, सर्वश्री अदूर गोपालकृष्णन, के. के. महाजन, शाजी एन
करुण, केतन मेहता, कुमार शाहनी, जाहनु बरुआ, गिरीश कासरवल्ली, सईद
मिर्जा, मणि कौल, ओम पुरी, नसीरुद्दीन शाह एवं अन्य कई शालि हैं,
जिन्होंने राष्ट्रीय फ़िल्म पुरस्कार / यूनेस्को पुरस्कार जीता है।
पिछले कुछ वर्षों के दौरान, श्री संतोष शिवन तथा श्री संजय लीला
भंसाली, दोनों ही भाफिटेसं के पूर्व विद्यार्थी हैं, द्वारा निर्मित
क्रमशः 'अशोका' एवं 'देवदास' इंटरनेशनल फ़िल्म फेस्टिवल में अपनी
भागीदारी को लेकर सुर्खियों में रहे।
भाफिटेसं फ़िल्म एवं टेलीविज़न निर्माण की कला और तकनीक में उच्च और
पेशेवर शिक्षा तथा तकनीकी विशेषज्ञता प्रदान करता है। दूरदर्शन के
सभी श्रेणी के अधिकारियों को सेवा प्रशिक्षण भी प्रदान किया जाता है।
सन् 1971 से टेलीविज़न विंग दूरदर्शन के कार्मिकों के लिए सेवा
प्रशिक्षण आयोजित कर रहा है। दूरदर्शन कर्मचारियों, आईआईएस
प्रोबेशनर्स इत्यादि के लिए विशेष क्षेत्र में अल्पावधि पाठ्यक्रम भी
आयोजित किए जाते हैं और अब तक ‘एनुअल फ़िल्म ऐप्रेसिएशन’ पाठ्यक्रम
को प्रतिभागियों के साथ 6000 से अधिक प्रतिभागियों को प्रशिक्षित
किया जा चुका है।
भाफिटेसं ने बुनियादी ढांचे और उपलब्ध सुविधाओं का अधिकतम उपयोग करने
का प्रयास किया है। अपनी अतिरिक्त क्षमता के पूर्ण उपयोग को
सुनिश्चित करने की एक पहल के रूप में, भाफिटेसं ने पटकथा लेखन (पटकथा
लेखन) और अभिनय (अभिनय) के क्षेत्र में एक एवं दो वर्षीय अवधि के
पाठ्यक्रमों के अलावा, 2 से 8 सप्ताह की विभिन्न अवधि के 21 लघु
पाठ्यक्रमों की पहचान की है। पूरी तरह कार्यान्वित होने पर ये नए
पाठ्यक्रम संस्थान के आत्मनिर्भर बनने में अधिक राजस्व उत्पन्न करने
में मदद करेंगे। प्रत्येक विशेषज्ञता में छात्रों की शक्ति बढ़ाने के
लिए और प्रयास किए जा रहे हैं।
भाफिटेसं को आज न केवल भारत में, बल्कि दुनिया भर में फ़िल्म और
टेलीविज़न शिक्षा में एक प्रमुख संस्थान के रूप में माना जाता है।
भाफिटेसं सीआईएलईटी (सेंटर इंटरनेशनल डी लीऐज़ान डेस इकोल्स डी
सिनेमा एट डी टेलीविज़न), जो कि दुनिया के सभी प्रमुख फ़िल्म एवं
टेलीविज़न स्कूलों का शीर्ष निकाय है, का सदस्य है।
2.5 Address of the Institute:
2.5 संस्थान का पताः
भारतीय फ़िल्म और टेलीविज़न संस्थान
विधि महाविद्यालय मार्ग
एरंडवणा, पुणे 411004
महाराष्ट्र, भारत
2.6 Institute working hours:( 2.6 संस्थान का कार्यालयीन समय:)
2.6 संस्थान का कार्यालयीन समय: शैक्षिक और प्रशासन विभाग: सुबह 09.30 बजे से सायं 06.00 बजे, सोमवार से शुक्रवार (भोजन अवकाश दोपहर 1.30 बजे से दोपहर 2.00 बजे) / सुरक्षा संभाग: 24 घंटे
3.0 Functions (3.0 कार्य)
3.1 भाफिटेसं के अधिकारियों और कर्मचारियों के अधिकार एवं कर्त्तव्य
निदेशक संस्थान के कार्यकारी अधिकारी हैं। निदेशक संस्थान के उचित
प्रशासन एवं निर्देशों को देने तथा अनुशासन को बनए रखने के लिए
जिम्मेदार होंगे। निदेशक के पास समय-समय पर बोर्ड द्वारा निर्धारित
प्रक्रियाओं के अनुसार व्यय करने का अधिकार है।
संस्थान के संकायाध्यक्ष और कुल सचिव शैक्षिक और प्रशासनिक कार्यों
में निदेशक की सहायता करते हैं और संस्थान की उच्च शिक्षा के साथ
संपर्क बनाए रखते हैं।
कुल सचिव रिकॉर्ड्स, संस्थान के वित्त और ऐसी अन्य संपत्तियों के
संरक्षक है।
संस्थान के अन्य अधिकारी और कर्मचारी निदेशक द्वारा समय-समय पर सौंपे
गए अधिकारों, जिम्मेदारियों और कर्त्तव्यों का पालन करते हैं।
प्रतिवर्ष भर्ती होनेवाले छात्रों के लिए प्राध्यापक,
सहायक प्राध्यापक, व्याख्याता कक्षाएं लेते हैं। विभिन्न विभागों में
कार्यरत सभी परिचालन और रखरखाव कर्मचारियों की सेवाओं का उपयोग
विभागों के सुचारू कामकाज और कक्षाओं के प्रशिक्षण और संचालन के लिए
संकाय / छात्रों की सहायता के लिए किया जाता है। प्रशासनिक
कर्मचारियों की सेवाओं का उपयोग रिकॉर्ड के रखरखाव और प्रशासनिक
कार्यों को करने के लिए किया जाता है।
3.2 पर्यवेक्षण और उत्तरदायित्व के साथ निर्णय लेने की पद्धति में पालन की जानेवाली प्रक्रिया:
संस्थान सोसाइटी पंजीकरण अधिनियम, 1860 के तहत पंजीकृत एक सोसाइटी तथा भारत सरकार के सूचना एवं प्रसारण मंत्रालय के तहत एक स्वायत्त संगठन है। भाफिटेसं अपने कार्यकलापों और शैक्षिक कार्यक्रमों के लिए शुद्ध घाटे के आधार पर मंत्रालय से अनुदान सहायता प्राप्त करता है। इस घाटे की गणना सकल बजटीय आवश्यकताओं से संस्थान में प्राप्त आंतरिक राजस्व की कटौती के आधार पर की जाती है। भाफिटेसं सोसाइटी में 26 सदस्य हैं, जिनमें से 9 सदस्य पदेन सदस्य हैं, 15 शासी परिषद (गवर्निंग काउंसिल) के सदस्य, जिनमें 5 पदेन सदस्य शामिल हैं। स्थायी वित्त समिति के 4 सदस्य हैं। भाफिटेसं के निदेशक सदस्य सचिव के रूप में कार्य करते हैं। एक सर्वोच्च निकाय के रूप में शासी परिषद संस्थान अपने उद्देश्यों और लक्ष्यों के अनुरूप सभी प्रमुख नीतिगत निर्णयों को करने के लिए ज़िम्मेदार है। इसके साथ ही शासी परिषद शैक्षिक परिषद का गठन करता है। शैक्षिक परिषद और स्थायी वित्त समिति क्रमशः शैक्षिक मामलों और वित्तीय मामलों से संबंधित नीतिगत मसलों में सलाह देने के लिए जिम्मेदार हैं। आवश्यकता पड़ने पर शासी परिषद (जीसी) द्वारा लिए गए किसी भी निर्णय के कार्यान्वयन के लिए केंद्र सरकार की मंजूरी मांगी जाती है। शासी परिषद का कार्यकाल 3 वर्ष है। भाफिटेसं की शैक्षिक परिषद के सदस्यगण फ़िल्म और टेलीविज़न के क्षेत्र की प्रतिष्ठित हस्तियां होती हैं तथा वे पाठ्यक्रम और अन्य शैक्षिक गतिविधियों की समीक्षा और अपडेट करते रहते हैं। सोसाइटी के अध्यक्ष शासी परिषद, शैक्षिक परिषद और स्थायी वित्त समिति के भी अध्यक्ष हैं।
3.3 अपने कार्यों को करने के लिए संस्थान द्वारा निर्धारित मानदंडों का विवरण:
भाफिटेसं अपने संगम ज्ञापन के विभिन्न अनुच्छेदों के अनुसार कार्य करता है। संगम ज्ञापन
3.4 कार्यों को करने के लिए संस्थान द्वारा निर्धारित नियम, विनियम, निर्देश, मैनुअल और रिकॉर्ड:
भाफिटेसं के सभी कर्मचारीगण भाफिटेसं सेवा उप नियमों द्वारा शासित होते हैं। हालांकि, संस्थान ने जहां भी अपने नियम नहीं बनाए हैं, जैसे वेतनमान, एलटीसी, अवकास और अनुशासनात्मक नियमों के लिए वह केन्द्रीय सिविल सेवा नियमों का पालन करता है।
3.5 संगठन द्वारा या उसके नियंत्रण में रखे गए दस्तावेजों की श्रेणियों का विवरण:
भाफिटेसं फ़िल्म निर्माण एवं टेलीविज़न कार्यक्रमों के निर्माण के लिए प्रशिक्षण प्रदान करनेवाला एक शिक्षण संस्थान है। इसके द्वारा छात्रों और टीवी प्रशिक्षार्थियों के नामांकन, शिक्षण और गैर-शिक्षण कर्मचारी सदस्यों की भर्ती, संदर्भ पुस्तकों / विभिन्न नियमों से संबंधित पुस्तकों, प्रशासनिक कार्यालय आदेशों / संस्थान के शासी निकाय के निर्णयों और दिशानिर्देशों से संबंधित कुछ दस्तावेज रखे जाते हैं।
3.6 इसकी नीतियों के निर्माण या उसके कार्यान्वयन के संबंध में जनसाधारण के परामर्श या उसके प्रतिनिधित्व के लिए मौजूदा व्यवस्था का विवरण
इस उद्देश्य के लिए सूचना एवं प्रसारण मंत्रालय, भारत सरकार द्वारा भाफिटेसं सोसाइटी गठित की गई है।
3.7 बोर्डों, परिषदों, समितियों एवं दो या दो से अधिक शामिल
व्यक्तियों अन्य निकायों, जिसे इसके एक हिस्से या इसे मशविरा देने
के उद्देश्य से गठित किया गया है, की टिप्पणियां तथा उक्त बोर्डों,
परिषदों, समितियों एवं निकायों की बैठकों तथा ऐसी बैठकों का कार्य
विवरण जनसाधारण के लिए सुलभ है।
भाफिटेसं के शासी
परिषद द्वारा आयोजित विभिन्न बैठकों का कार्य विवरण जनसाधारण के
लिए प्रासंगिक नहीं हैं, क्योंकि भाफिटेसं सोसाइटी द्वारा आयोजित
बैठकें दैनंदिन पर्यवेक्षण/उसके सुचारू कामकाज के उद्देश्य से होती
हैं। हालांकि भाफिटेसं वार्षिक प्रतिवेदन संसद में पेश किया जाता
है और औपचारिक स्वीकृति के बाद यह जनसाधारम के लिए उपलब्ध होती है।
संस्थान की टेलीफोन डाइरेक्टरी (222 KB)
3.8 अधिकारियों और कर्मचारियों के डाइरेक्टरी (टेलीफोन नंबर और ईमेल पता)
3.9 अपने प्रत्येक अधिकारी और कर्मचारियों द्वारा प्राप्त मासिक पारिश्रमिक, जिसमें इसके विनियमन में प्रदत्त मुआवजे की प्रणाली शामिल है भाफिटेसं की नियमित सेवाओं पर सभी अधिकारी और कर्मचारी केंद्र सरकार वेतन नियम द्वारा शासित होते हैं।
3.10 सब्सिडी कार्यक्रमों के परीक्षण का तरीका, जिसमें ऐसे कार्यक्रमों की आवंटित राशियां एवं लाभार्थियों का विवरण शामिल है
यह भाफिटेसं पर लागू नहीं होता है क्योंकि इसमें कोई सब्सिडी कार्यक्रम नहीं है।
4.10 Particulars of concessions, permits or authorizations granted by it.
3.11 इसके द्वारा प्रदत्त रियायतों, परमिट या स्वीकृति का विवरण।
3.12 इसके पास उपलब्ध सूचनाओं के विवरण को इलेक्ट्रॉनिक रूप में उपलब्ध कराया गया है
जानकारी के संबंधित सभी प्रासंगिक विवरण हमारी वेबसाइट: http://www.ftii.ac.in पर उपलब्ध हैं।
http://www.ftii.ac.in3.13 पुस्तकालय या रीडिंग रूम, यदि सार्वजनिक उपयोग के लिए रखरखाव किया जाय, के कार्य समय सहित अधिक जानकारी प्राप्त करने के लिए नागरिकों को उपलब्ध सुविधाओं का विवरण
संस्थान में इंफॉर्मेशन एंड फैसिलिएशन काउंटर है, जो सभी कार्यदिवसों को भाफिटेसं के कार्यालयीन समय सुबह 09.30 बजे से सायं 6.00 बजे के दौरान खुला रहता है।
पूछताछ:
(i) दूरभाष सं. 25580000,
फैक्स सं.- 25580151
ई-मेल: registrar@ftii.ac.in
भाफिटेसं के छात्रों, शिक्षकों और कर्मचारी सदस्यों और पूर्वानुमति के साथ जनसाधारण के लिए वीडियो लाइब्रेरी और पुस्तक पुस्तकालय उपलब्ध है, जो भाफिटेसं के कार्यालयीन समय सुबह 09.30 बजे से सायं 6.00 बजे के दौरान खुला रहता है।
4.0 Name, Designation and Other particulars of the public information officer and Appellate Authority of the Institute (4.0 संस्थान के जन सूचना अधिकारी और अपीलीय प्राधिकारी का नाम, पदनाम और अन्य विवरण )
| पारदर्शिता अधिकारी - |
श्री. संदीप शहारे निदेशक, भारतीय फ़िल्म और टेलीविज़न संस्थान, विधि महाविद्यालय मार्ग, पुणे - 411 004। (कार्यालय): + 91-20-25431010 ई-मेल: director@ftii.ac.in |
|
| अपीलीय प्राधिकरण - |
श्री. सईद रबीहश्मि, भा सू से कुल सचिव, भारतीय फ़िल्म और टेलीविज़न संस्थान, विधि महाविद्यालय मार्ग, पुणे - 411 004। (कार्यालय): + 91-20-25433360 + 91-20-25580007 ई-मेल: registrar@ftii.ac.in |
|
| जन सूचना अधिकारी - |
श्री. जिजॉय पी आर संकायाध्यक्ष (फिल्मस्) भारतीय फ़िल्म और टेलीविज़न संस्थान, विधि महाविद्यालय मार्ग, पुणे - 411 004। (कार्यालय): + 91-20-25580009 ई-मेल: deanfilms@ftii.ac.in |
For supply of information related to the activities of Film Wing. |
|
श्री. संदीप शहारे संकायाध्यक्ष (टेलीविज़न) भारतीय फ़िल्म और टेलीविज़न संस्थान, विधि महाविद्यालय मार्ग, पुणे - 411 004। (कार्यालय): + 91-20-25580010 ई-मेल: deantv@ftii.ac.in |
टेलीविज़न स्कंध के कार्यकलापों से संबंधित सूचना के लिए। | |
|
श्रीमती. मीनल काकडे (मुख्य लेखा अधिकारी) भारतीय फ़िल्म और टेलीविज़न संस्थान, विधि महाविद्यालय मार्ग, पुणे - 411 004। (कार्यालय): + 91-20-25580012 ई-मेल: cao@ftii.ac.in |
लेखा एवं वित्त मामलों से संबंधित सूचना के लिए। | |
|
श्री. सुभाष के. डेकाटे प्रशासनिक अधिकारी (सीपीआईओ) भारतीय फ़िल्म और टेलीविज़न संस्थान, विधि महाविद्यालय मार्ग, पुणे - 411 004। (कार्यालय): + 91-20-25580012 (कार्यालय): + 91-20-25580014 ई-मेल: admin.officer@ftii.ac.in |
लेखा एवं वित्त मामलों से संबंधित सूचना के लिए। |

